बच्चों में रिपोर्ट की गई एक नई पोस्ट कोविड बीमारी MIS-C

कोरोना महामारी ने पूरे देश को झकझोर दिया है। अभी यह महामारी अभी खत्म भी नहीं हुई है, वहीं बहुत अनेक नए बीमारी भी सामने आ रही है। जिन्हें हम पोस्ट कोविड डिजीज के नाम से जान रहे है- जैदी की ब्लैक फंगस, वाइट फंगस और येलो फंगस। यह सब बहुत ही घातक बीमारी है जो कि शरीर की कई अंगो को खराब कर दे रही है।इसी बीच एक और नई पोस्ट कोविड बीमारी सामने आई है । इस बीमारी मे सबसे चिंता वाली बात यह है कि यह बीमारी 16 साल की आयु के नीचे के बच्चों मे पाई गई है, जिसे MIS-C कहा गया है।MIS-C वाले अधिकांश बच्चे 3 से 12 वर्ष की आयु के होते हैं, जिनकी औसत आयु 8 वर्ष होती है। कुछ मामले बड़े बच्चों और शिशुओं में भी हुए हैं।बच्चों में मल्टीसिस्टम इंफ्लेमेटरी सिंड्रोम (MIS-C) एक ऐसी स्थिति है, जिसमें शरीर के विभिन्न हिस्सों में सूजन हो सकती है, जिसमें हृदय, फेफड़े, गुर्दे, दिमाग, त्वचा, आंखें अंग शामिल हैं। हम अभी तक नहीं जानते हैं कि MIS-C का क्या कारण है। हालाँकि, हम जानते हैं कि MIS-C वाले कई बच्चों में वह वायरस था जो COVID-19 का कारण बनता है, या COVID-19 वाले किसी व्यक्ति के आसपास था। MIS-C गंभीर हो सकता है, घातक भी हो सकता है, लेकिन जिन बच्चों में यह स्थिति पाई गई थी वे चिकित्सा देखभाल से बेहतर हो गए हैं।MIS-C को पहली बार अप्रैल 2020 में गंभीर तीव्र श्वसन सिंड्रोम कोरोनावायरस 2 (SARS-CoV-2) के संक्रमण के कुछ सप्ताह बाद होने वाली एक विकृत प्रतिरक्षा प्रतिक्रिया के रूप में रिपोर्ट किया गया था।MIS-C किसी भी अंग के साथ किसी भी समस्या के साथ पेश कर सकता है क्योंकि प्रतिरक्षाविज्ञानी कोशिकाएं रक्त वाहिकाओं को प्रभावित करती हैं, जिससे थक्के, एन्यूरिज्म और गंभीर झटका लगता है। हृदय की मांसपेशियों की भागीदारी यहां आम है, जिसका अर्थ है कि प्रारंभिक पहचान अत्यंत महत्वपूर्ण है। बच्चों में MIS-C बढ़ रहा है और अगले कुछ हफ्तों में और तीसरी लहर के बाद और भी बढ़ने वाला है। तब IV इम्युनोग्लोबुलिन की मांग बढ़ेगी।MIS-C का सटीक कारण अभी तक ज्ञात नहीं है, लेकिन यह COVID-19 से संबंधित अत्यधिक एंटीबाडी प्रतीत होता है। MIS-C वाले कई बच्चों का एंटीबॉडी परीक्षण परिणाम सकारात्मक होता है। इसका मतलब है कि उन्हें हाल ही में COVID-19 वायरस का संक्रमण हुआ है। कुछ को वर्तमान में वायरस का संक्रमण हो सकता है।झारखण्ड राज्य मे MIS-C के 16 मरीज रिपोर्ट किये गए है। और उन सब बच्चो को रांची के अस्पताल मे भर्ती कराया गया है जहाँ उनका उपचार चल रहा। और भी विभिन्न राज्यों मे इनके केस रिपोर्ट किये गए है।

News by Tanvi Tanuja